राजनांदगांव : 5 मौतों का दर्द देखा, 80 बेसहारा मवेशियों को दिया आसरा…
राजनांदगांव , नेशनल हाईवे पर आए दिन सड़क हादसों में गौमाता की मौत का दृश्य तुमड़ीबोड़ व्यापारी संघ के अध्यक्ष अजय जैन को इस कदर झकझोर गया कि उन्होंने समस्या को सिर्फ देखने के बजाय समाधान की पहल शुरू कर दी। घर के सामने हाईवे पर एक साथ पांच गौमाता को दुर्घटना का शिकार होते देख उनके मन में विचार आया कि आखिर इन बेसहारा मवेशियों की सुरक्षा के लिए कुछ किया जाना चाहिए।
यहीं से शुरू हुई एक ऐसी पहल, जिसमें अब तक 70 से 80 छोटे-बड़े मवेशियों को सुरक्षित आश्रय मिल चुका है। अजय जैन ने व्यापारी संघ के सदस्यों मोहित पटेल, आकाश जैन और लीलाधर साहू समेत ग्रामीणों के सामने यह विचार रखा। सभी की सहमति के बाद 22 अगस्त से अभियान शुरू किया गया। बारिश के बीच व्यापारी संघ के सदस्य और पांच मजदूर हाईवे व आसपास घूम रहे गौवंश को पैदल और वाहनों से पकड़कर तुमड़ीबोड़ में डोंगरगढ़ मार्ग स्थित राम कृष्ण महावीर गौ एवं जनसेवा समिति के आश्रय स्थल तक पहुंचाने लगे।
हाईवे पर पांच गौमाता की मौत का दर्द अजय जैन के लिए सिर्फ एक घटना नहीं रहा। उसी घटना ने उन्हें सोचने पर मजबूर किया और एक ऐसे अभियान की शुरुआत हुई।
अब चारा-पानी से लेकर देखभाल की व्यवस्था आश्रय स्थल में वर्तमान में करीब 70 से 80 गौमाता सुरक्षित हैं। इनके लिए रोजाना हरा चारा, पैरा, भूसा, पैरा-कुट्टी, नमक और पानी की व्यवस्था की जा रही है। देखभाल के लिए समिति ने 5 से 6 मजदूर लगाए हैं। आसपास के फार्म हाउस संचालक भी गौमाता के लिए चारे की व्यवस्था में सहयोग कर रहे हैं।शुरुआत में कुछ लोगों की पहल से शुरू हुआ यह काम अब व्यवस्थित अभियान का रूप ले चुका है। राम कृष्ण महावीर गौ एवं जनसेवा समिति का गठन किया।



