छत्तीसगढ़बिलासपुर जिला

CG : जिले के किसान 31 जुलाई तक करा सकेंगे उद्यानिकी फसलों का बीमा …

By kadwaghut|28 Jul 2026, 11:52 AM
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बिलासपुर।उद्यानिकी फसल उत्पादन कर रहे किसानों के लिए टमाटर, बैंगन, मिर्च, अदरक, केला, पपीता एवं अमरूद के लिये खरीफ वर्ष 2026-27 अंतर्गत पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना छत्तीसगढ़ सरकार के सहयोग से भारतीय कृषि बीमा कंपनी के द्वारा संचालित की जा रही है। उप संचालक उद्यानिकी से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले के इच्छुक ऋणी एवं अऋणी कृषक 31 जुलाई 2026 तक निकटतम लोक सेवा केन्द्र, बैंक शाखा, सहकारी समिति या भारतीय कृषि बीमा कंपनी के प्रतिनिधि से संपर्क कर अपने उद्यानिकी फसलों का बीमा करा सकते है।

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योजना के संबंध में अधिक जानकारी के लिए उद्यानिकी विभाग में कार्यरत अधिकारियों एवं बीमा कंपनी के प्रतिनिधि से संपर्क किया जा सकता है। इस हेतु बीमा कंपनी के प्रतिनिधि थानेश्वर साहू मो0न0 99071-22727, तखतपुर के उद्यान विकास अधिकारी जैनेन्द्र कुमार पैकरा 6265981957, कोटा के वरिष्ठ उद्यान विकास अधिकारी रामनाथ सिंह नेताम 7828815637, मस्तूरी की प्रभारी उद्यान अधीक्षक श्रीमती निशा चंदेल 7000441324 एवं बिल्हा के प्रभारी उद्यान अधीक्षक राकेश कुमार सेन्ड्रे 7000181970 से संपर्क कर अधिक जानकारी ली जा सकती है।

चयनित उद्यानिकी फसलों खरीफ के लिए किसानों द्वारा द्वेय प्रीमियम दर बीमित राशि का 5 प्रतिशत है। बिलासपुर जिले में खरीफ मौसम के फसलों हेतु 200 हेक्टेयर का लक्ष्य निर्धारित है। टमाटर फसल के लिए प्रति हेक्टेयर बीमित राशि 1 लाख 20 हजार रुपए एवं किसान देय प्रीमियम राशि 6 हजार, बैगन के लिए बीमित राशि 77 हजार रुपए एवं प्रीमियम राशि 3 हजार 850 रुपए, मिर्च के बीमित राशि 68 हजार रूपए एवं प्रीमियम राशि 3 हजार 400 रूपए, अदरक के लिए बीमित राशि 1 लाख 50 हजार रूपए एवं प्रीमियम 7500 रूपए, केला के लिए बीमित राशि 85 हजार एवं प्रीमियम राशि 4 हजार 250, पपीता के लिए बीमित राशि 87 हजार एवं प्रीमियम राशि 4 हजार 350 और अमरूद के लिए बीमित राशि 45 हजार एवं प्रीमियम राशि 2 हजार 250 रुपए निर्धारित है।

     किसानों के हानि का मूल्यांकन अधिसूचित क्षेत्र में स्थापित स्वचलित मौसम केंद्र से प्राप्त 4 आवरित जोखिमों जैसे कम या अधिक तापमान, कम या अधिक या बेमौसम वर्षा, वायु गति, कीट एवं व्याधि प्रकोप के अनुकूल मौसम के प्रमाणित आंकड़ों एवं अधिसूचित टर्मशीट के अनुसार दावा गणना की जाएगी। दावा राशि का भुगतान सीधे किसानों के खाते में किया जाएगा। खरीफ मौसम के टमाटर, बैगन, अमरूद, केला, पपीता, मिर्च एवं अदरक फसल हेतु ओलावृष्टि हवाएं की स्थिति में कृषक इसकी सूचना सीधे बीमा कम्पनी के टोल फ्री नं. 18004190344 पर तथा टोटल शिकायत निवारण पोर्टल या लिखित रुप में 72 घंटे के भीतर संबंधित बैंक, स्थानीय राजस्व एवं संबंधित क्षेत्र के उद्यान अधिकारी को बीमित फसल के ब्यौरे, क्षति की मात्रा तथा क्षति का कारण सहित सूचित करना होगा। संबंधित संस्था/विभाग 48 घंटा के भीतर कृषकों से प्राप्त जानकारी (बीमित फसल के ब्यौरे, क्षति की मात्रा तथा क्षति के कारण सहित) बीमा कंपनी को प्रदान करेंगे। ऋणी किसान जो योजना में शामिल नहीं होना चाहते है, उन्हें भारत सरकार द्वारा जारी चयन प्रपत्रानुसार हस्ताक्षरित घोषणा पत्र बीमा आवेदन की अंतिम तिथि के 7 दिवस पूर्व तक संबधित वित्तीय संस्थान में अनिवार्य रूप से जमा करना होगा।  

जरूरी दस्तावेज – नवीनतम आधारकार्ड की कॉपी, नवीनतम भूमि प्रमाण पत्र, बी 1, पी 2 की कॉपी, बैंक पासबुक के पहले पन्ने की कॉपी जिस पर एकाउंट नंबर, आईएफसी कोड, बैंक का पता साफ दिखाई दे रहा हो। फसल बुआई प्रमाण पत्र, किसान का वैद्य मोबाईल नंबर, बटाईदार, कास्तकार, साझेदार किसानों के लिए फसल साझा अथवा कास्तकार का घोषणा पत्र।

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