मध्य प्रदेशराज्‍य

मध्यप्रदेश विधानसभा का विशेष सत्र 27 अप्रैल को, नारीशक्ति वंदन बिल पर विधानसभा में हलचल

By Admin|22 Apr 2026, 9:05 PM
f X W

भोपाल

मध्यप्रदेश विधानसभा का एक दिवसीय विशेष सत्र 27 अप्रैल को होगा। मंगलवार को इसकी अधिसूचना जारी कर दी गई है। इस दिन नारीशक्ति वंदन विधेयक पर चर्चा होगी।मध्यप्रदेश विधानसभा का विशेष सत्र 27 अप्रैल को बुलाया गया है। राज्यपाल ने अपनी शक्तियों का प्रयोग करते हुए इस विशेष सत्र को आमंत्रित किया है। नारीशक्ति वंदन अधिनयम पर यह एक दिवसीय सत्र बुलाया गया है। इसमें सभी सदस्यों को उपस्थित होने के लिए आमंत्रित किया गया है। सभी विधायक इस दिन राजधानी भोपाल में जुटेंगे।

विधानसभा सचिवालय की ओर से अधिसूचना जारी कर दी गई है। इस विशेष सत्र में नारी शक्ति वंदन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होगी। इससे पहले सीएम मोहन यादव ने रविवार को प्रेस कांफ्रेंस कर विशेष सत्र बुलाए जाने की जानकारी दी थी। मोहन यादव ने कहा था कि महिलाओं से जुड़े इस अहम विषय पर विधानसभा में विस्तार से चर्चा की जाएगी। इससे पहले रविवार को सीएम मोहन यादव ने बीजेपी कार्यालय में मीडिया से कहा था कि लोकतंत्र एक निर्णायक दौर से गुजर रहा है और संसद में जो घटनाक्रम हुआ, वह बेहद निंदनीय और कष्टकारी है। गौरतलब है कि महिला आरक्षण बिल को लेकर आए इस विधेयक को संविधान का 131वां संशोधन बिल था, जिसे मोदी सरकार पास नहीं करा पाई।

दो पालियों में होगी बहस
विधानसभा सचिवालय द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, सदन की कार्यवाही दो पालियों में होगी। पहली पाली सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक और दूसरी दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:30 बजे तक चलेगी। सदस्यों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे संसदीय मर्यादा बनाए रखें और विचाराधीन मामलों पर टिप्पणी करने से बचें।

READ ALSO  100 करोड़ से बनाये जायेंगे फुटबॉल टर्फ, इनडोर और आउटडोर स्टेडियम बैतूल में बनेगा जनजातीय संग्रहालय

सीएम मोहन का प्रियंका गांधी पर सीधा वार
सत्र से पहले भाजपा ने भोपाल में जन आक्रोश रैली के जरिए अपनी ताकत दिखाई। इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जब महिला आरक्षण बिल पास नहीं हो सका था, तब कांग्रेस ने इसका मजाक उड़ाया था। उन्होंने प्रियंका गांधी के 'लड़की हूं, लड़ सकती हूं' नारे पर तंज कसते हुए पूछा कि आज जब महिलाओं के हक की बात हो रही है, तो वह चुप्पी क्यों साधे हुए हैं?

जन आक्रोश रैली मे साधा था निशाना
इससे पहले सोमवार को भोपाल में भाजपा की ओर से नारी शक्ति वंदन बिल के समर्थन में आक्रोश रैली निकाली गई थी। इस रैली के जरिए पार्टी ने महिलाओं के अधिकारों के समर्थन में अपनी बात रखी थी।

जन आक्रोश रैली में सीएम मोहन यादव ने कहा था कि महिला आरक्षण बिल न पास होने पर कांग्रेस ने उसका मजाक उड़ाया। सीएम ने कांग्रेस पर भी हमला बोला। प्रियंका गांधी वॉड्रा के बयान पर कहा कि उन्हें शर्म आनी चाहिए। प्रियंका बड़ी-बड़ी बातें करती थीं, कहती थीं मैं लड़की हूं, लड़ सकती हूं। अब उनकी ये बड़ी-बड़ी बातें कहा गईं। जब बहनों के अधिकारों का उन्होंने गला घोट दिया गया।

कांग्रेस भी हुई हमलावर
इधर नारीशक्ति वंदन अधिनियम संशोधन विधेयक गिरने के बाद भाजपा एक तरफ कांग्रेस को कटघरे में खड़ा करते हुए उसे महिला विरोधी बता रही है। वहीं कांग्रेस भी हमलावर हो गई है। एमपी कांग्रेस ने मंगलवार को दोपहर प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम की आड़ में परिसीमन के लिए संशोधन बिल लाकर जनता को गुमराह किया जा रहा है। महिला कांग्रेस की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष शोभा ओझा और दिल्ली महिला कांग्रेस की अध्यक्ष पुष्पासिंह ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि हमारी मांग है कि भाजपा अभी इस महिला आरक्षण को लागू करे। 543 सीटों पर ही अभी महिला आरक्षण बिल को लागू किया जाए और जब यह जनगणना पूरी हो जाए तब परिसीमन किया जाए।

READ ALSO  स्टेट हाइवे से ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे तक मजबूत होगा कनेक्टिविटी का नेटवर्क

कांग्रेस का पलटवार
दूसरी ओर, कांग्रेस ने इसे बीजेपी का चुनावी हथकंडा करार दिया है। महिला कांग्रेस की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष शोभा ओझा और पुष्पा सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया कि बीजेपी नारी शक्ति वंदन अधिनियम की आड़ में जनता को गुमराह कर रही है। कांग्रेस की मांग है कि परिसीमन और जनगणना का इंतजार किए बिना सभी 543 लोकसभा सीटों पर तत्काल महिला आरक्षण लागू किया जाए।

अगली खबर लोड हो रही है...

Related Articles

2

Back to top button