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रवि सिंह राजपूत बने छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद में नामांकन समिति के अध्यक्ष, एक साथ मिली कई अहम जिम्मेदारियां

By Admin|18 Apr 2026, 7:43 PM
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बिलासपुर. 
छत्तीसगढ़ के विधि जगत में एक महत्वपूर्ण और गौरवपूर्ण उपलब्धि सामने आई है। युवा एवं ऊर्जावान अधिवक्ता  रवि सिंह राजपूत को छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद में नामांकन समिति के अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया है। इसके साथ ही उन्हें परिषद की विभिन्न महत्वपूर्ण समितियों में सदस्य के रूप में भी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जो उनके प्रति परिषद के विश्वास और उनके उत्कृष्ट कार्यों का प्रमाण है।

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रवि सिंह राजपूत को न केवल नामांकन समिति का अध्यक्ष बनाया गया है, बल्कि उन्हें परिषद के कार्यकारिणी सदस्य के रूप में भी शामिल किया गया है। इसके अलावा उन्हें विधिक सहायता समिति (लीगल एड) का नामित सदस्य बनाया गया है, जहां वे समाज के गरीब और जरूरतमंद वर्गों को न्याय दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

उनकी जिम्मेदारियों का दायरा यहीं तक सीमित नहीं है। उन्हें प्रिविलेज समिति, अधिवक्ता कल्याण समिति, वित्त समिति और परीक्षण समिति में भी सदस्य के रूप में नियुक्त किया गया है। साथ ही वे नियम निर्माण समिति, लेजिस्लेशन एवं रिफॉर्म समिति तथा समन्वय समिति में भी अपनी सक्रिय भूमिका निभाएंगे।

इतनी बड़ी संख्या में महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी मिलना यह दर्शाता है कि परिषद को उनकी कार्यक्षमता, नेतृत्व क्षमता और ईमानदारी पर पूर्ण विश्वास है। कम समय में उन्होंने विधि क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बनाई है, जिसके चलते उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है।

अधिवक्ता समुदाय में उनके इस चयन को लेकर खुशी की लहर है। उनके सहयोगियों और समर्थकों ने इसे युवाओं के लिए प्रेरणादायक कदम बताया है। उनका मानना है कि रवि सिंह राजपूत के नेतृत्व में परिषद के कार्यों में पारदर्शिता, गति और प्रभावशीलता आएगी।

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इस अवसर पर रवि सिंह राजपूत ने परिषद के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे उन्हें सौंपी गई सभी जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा, ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ निर्वहन करेंगे। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य अधिवक्ताओं के हितों की रक्षा करना, विधिक व्यवस्था को मजबूत बनाना और आम जनता को सुलभ एवं त्वरित न्याय दिलाने की दिशा में कार्य करना है।

उनकी इस उपलब्धि से यह स्पष्ट हो गया है कि छत्तीसगढ़ के विधि क्षेत्र में युवा नेतृत्व तेजी से उभर रहा है और आने वाले समय में ऐसे ही युवा अधिवक्ता प्रदेश की न्याय व्यवस्था को नई दिशा देंगे।

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