उत्तर प्रदेशराज्‍य

देशभर के मुख्यमंत्रियों के सर्वे में योगी आदित्यनाथ टॉप पर, जानें किसे मिला कौन सा स्थान

By Admin|02 Nov 2026, 2:32 PM
f X W

लखनऊ
 फेम इंडिया मैगजीन और एशिया पोस्ट के संयुक्त 'बेस्ट चीफ मिनिस्टर सर्वे 2026' में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देशभर में पहला स्थान प्राप्त किया है। योगी को 1000 में से सर्वाधिक 897 अंक मिले हैं। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी 881 अंकों के साथ दूसरे और असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा 874 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहे।

मुख्यमंत्रियों के नेतृत्व, प्रशासनिक क्षमता, कार्यशैली, जनस्वीकार्यता और शासन के विभिन्न पहलुओं का मूल्यांकन किया गया। सर्वे में कुल 15 मुख्यमंत्रियों को शामिल किया गया है। इनमें शीर्ष दस को 'बेस्ट चीफ मिनिस्टर' और 11वें से 15वें स्थान तक के मुख्यमंत्रियों को विशेष 'मुख्यमंत्री पंचरत्न' श्रेणी में स्थान दिया गया है।

चार महीने तक चला सर्वे
फेम इंडिया का 'बेस्ट चीफ मिनिस्टर सर्वे 2026' एशिया पोस्ट के सहयोग से करीब तीन से चार महीने तक संचालित किया गया। इसमें मुख्यमंत्रियों के प्रति आम जनता की धारणा, प्रबुद्ध वर्ग की राय और आम नागरिकों के अनुभवों को समझने के लिए तीन स्तरीय सर्वे प्रक्रिया अपनाई गई।

पहले चरण में सोशल मीडिया और पारंपरिक मीडिया के विभिन्न मंचों पर मुख्यमंत्रियों से संबंधित प्रतिक्रियाओं, चर्चाओं, समाचारों और जनधारणाओं का अध्ययन किया गया। दूसरे चरण में विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिष्ठित हस्तियों, बुद्धिजीवियों और विशिष्ट व्यक्तियों की राय एवं आकलन को शामिल किया गया।

तीसरे चरण में आम नागरिकों से सीधे संवाद कर उनके विचार, अनुभव और दृष्टिकोण जाने गए। इन तीनों चरणों से प्राप्त सूचनाओं और प्रतिक्रियाओं के विश्लेषण के बाद मुख्यमंत्रियों का दस निर्धारित मानकों पर मूल्यांकन किया गया। सभी मानकों पर प्राप्त अंकों को जोड़कर 1000 अंकों के पैमाने पर अंतिम रैंकिंग तैयार की गई।

READ ALSO  पंचायत चुनाव के बीच राजस्थान सरकार का बड़ा फैसला, 80 तहसीलों में राजस्व वसूली पर 6 महीने की रोक

दस प्रमुख मानकों पर परखी गई क्षमता
सर्वे में मुख्यमंत्रियों के प्रदर्शन और नेतृत्व क्षमता को परखने के लिए दस प्रमुख मानक निर्धारित किए गए थे। इनमें सुशासन, कानून-व्यवस्था, व्यक्तित्व, छवि, कार्यक्षमता, प्रभाव, विभागों की समझ, लोकप्रियता, दूरदर्शिता तथा कार्यशैली और परिणाम शामिल हैं। सुशासन के तहत पारदर्शिता, जवाबदेही और जनसेवा की गुणवत्ता को परखा गया। कानून-व्यवस्था के अंतर्गत नागरिकों की सुरक्षा, अपराध नियंत्रण और कानून के शासन को महत्व दिया गया।

वहीं, व्यक्तित्व एवं छवि में नेतृत्व क्षमता, संवाद कौशल, निर्णय लेने की क्षमता और जनता के बीच विश्वसनीयता का आकलन किया गया। प्रशासनिक दक्षता, नीतियों का प्रभाव, विभागीय कार्यप्रणाली की समझ, जनसमर्थन, भविष्य की योजनाओं और शासन के दौरान हासिल किए गए ठोस परिणामों को भी मूल्यांकन का आधार बनाया गया।

अगली खबर लोड हो रही है...

Related Articles

2

Back to top button