राजनांदगांव। शहर के कई पेट्रोल पंपों पर वाहनों के टायर में हवा भरने के लिए मशीनें तो लगी हुई हैं, लेकिन कई स्थानों पर इस सुविधा को संचालित करने वाला कर्मचारी मौजूद नहीं रहने की शिकायत सामने आ रही है। इसके चलते वाहन चालकों को जरूरत के समय परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
मामला रक्षाबंधन के अवकाश के दिन सामने आया, जब एक परिवार को मरीज को वाहन से शहर के बाहर लेकर जाना था। यात्रा से पहले वाहन के टायर में हवा की आवश्यकता महसूस हुई। अवकाश होने के कारण शहर की कई टायर एवं हवा भरने वाली दुकानें बंद थीं, जिसके बाद वाहन चालक ने पेट्रोल पंपों का रुख किया।
मिली जानकारी के अनुसार संबंधित व्यक्ति ने शहर के एक से अधिक पेट्रोल पंपों पर पहुंचकर टायर में हवा भरवाने का प्रयास किया। पेट्रोल पंप परिसर में हवा भरने की मशीन लगी हुई मिली, लेकिन मशीन संचालित करने वाला कर्मचारी मौजूद नहीं होने के कारण उन्हें एक पंप से दूसरे पंप तक जाना पड़ा। काफी प्रयास के बाद आखिरकार दूसरे स्थान पर उनके वाहन में हवा भर सकी।
यह मामला किसी एक वाहन चालक की परेशानी तक सीमित नहीं है। आम दिनों में भी कई वाहन चालकों का कहना है कि कुछ पेट्रोल पंपों पर हवा की मशीन उपलब्ध होने के बावजूद कर्मचारी नहीं मिलने अथवा मशीन चालू नहीं होने से उन्हें असुविधा होती है। विशेष रूप से छुट्टी, त्योहार या देर रात के समय जब बाहर की दुकानें बंद रहती हैं, तब पेट्रोल पंपों पर उपलब्ध ऐसी सुविधाओं का महत्व और बढ़ जाता है।
पेट्रोल पंपों पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में दोपहिया और चारपहिया वाहन ईंधन भरवाने पहुंचते हैं। ऐसे में यदि परिसर में हवा भरने की मशीन लगाई गई है तो वाहन चालकों की अपेक्षा रहती है कि जरूरत पड़ने पर उसका लाभ भी उन्हें मिल सके।
जरूरत इस बात की है कि पेट्रोल पंप संचालक हवा भरने की उपलब्ध सुविधा की नियमित निगरानी करें और मशीन चालू रहने के साथ कर्मचारी की उपलब्धता भी सुनिश्चित करें, ताकि किसी मरीज को लेकर जा रहे परिवार या अन्य वाहन चालक को आपात स्थिति में अलग-अलग स्थानों पर भटकना न पड़े।
हालांकि इस संबंध में संबंधित पेट्रोल पंप संचालकों का पक्ष सामने नहीं आया है। उनका पक्ष मिलने पर उसे भी समाचार में प्रमुखता से शामिल किया जाएगा।
