गंडई क्षेत्र में अवैध सट्टे का कारोबार एक बार फिर चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस समय-समय पर कार्रवाई कर रही है, लेकिन क्षेत्र में यह सवाल लगातार उठ रहा है कि यदि कार्रवाई प्रभावी है तो सट्टे की गतिविधियां पूरी तरह खत्म क्यों नहीं हो रही हैं।
क्षेत्र में चर्चा है कि यदि वास्तव में सट्टे पर अंकुश लगाना है तो कार्रवाई केवल छोटे स्तर पर नहीं, बल्कि कथित मुख्य संचालकों, खाईवालों और आर्थिक रूप से लाभ लेने वाले लोगों तक पहुंचनी चाहिए। तभी कार्रवाई का वास्तविक असर दिखाई देगा। यदि जांच के आधार पर बड़े स्तर पर खुलासे होते हैं और मुख्य संचालकों तक कानून का शिकंजा पहुंचता है, तो इसे क्षेत्र में सट्टे के खिलाफ सबसे बड़ी कार्रवाई होगी।
थाना प्रभारी शिवप्रसाद गेंदले ने कहा िक मुझे गंडई थाना का कार्यभार ग्रहण किए लगभग दो महीने हुए हैं। मेरे कार्यकाल में अब तक सट्टे के तीन मामलों में कार्रवाई की गई है। फिलहाल पर्ची लिखने वालों पर कार्रवाई हुई है। मुख्य संचालकों तक पहुंचने के लिए जांच जारी है। पुलिस पूरे नेटवर्क और फंडिंग की भी जांच कर रही है।
