CM Mati Kala Rojgar Yojana: राज्य सरकार पारंपरिक मिट्टी कला को पुनर्जीवित करने और कारीगरों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए महत्वाकांक्षी कदम उठा रही है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए ‘मुख्यमंत्री माटी कला रोज़गार योजना’ के तहत नए उद्यमों की स्थापना के लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं।
इस योजना के माध्यम से, कुम्हारों और कारीगरों को अपने स्वयं के स्वरोज़गार उद्यम शुरू करने के लिए ₹10 लाख तक का बैंक ऋण प्रदान किया जाएगा।
CM Mati Kala Rojgar Yojana: इस योजना के तहत
परियोजना लागत का 95 प्रतिशत बैंक ऋण के रूप में प्रदान किया जाएगा, जबकि उद्यमी को शेष 5 प्रतिशत का योगदान करना होगा। उत्तर प्रदेश सरकार पूंजी ऋण पर 25 प्रतिशत मार्जिन मनी सब्सिडी भी प्रदान करेगी। ज़िला ग्रामोद्योग अधिकारी नीतू यादव ने बताया कि यह सब्सिडी तीन वर्षों की अवधि के लिए बैंक के पास सुरक्षित रहेगी और सत्यापन के बाद लाभार्थी के खाते में हस्तांतरित कर दी जाएगी।
CM Mati Kala Rojgar Yojana: आवेदन प्रक्रिया
- कारीगर आधुनिक मिट्टी के उत्पाद, जैसे प्रेशर कुकर, सुराहियाँ (मिट्टी के पानी के घड़े), कुल्हड़ (मिट्टी के कप), निर्माण सामग्री और सजावटी सामान (फूलदान, दीपक, आदि) बनाने के लिए इकाइयाँ स्थापित कर सकेंगे।
- इस योजना का लाभ उठाने के लिए, 18 वर्ष और उससे अधिक आयु के पात्र आवेदक माटी कला बोर्ड के आधिकारिक
- पोर्टल: upmatikalaboard.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
- आवेदन प्रक्रिया के लिए आधार कार्ड, जाति प्रमाण पत्र, तकनीकी प्रमाण पत्र और परियोजना रिपोर्ट जैसे दस्तावेज़ अनिवार्य हैं। इच्छुक व्यक्ति अधिक जानकारी के लिए आगरा स्थित ज़िला ग्रामोद्योग कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।

