CG : खारुन नदी में डूबे युवक का शव SDRF ने निकाला …
दुर्ग। दुर्ग जिले के अम्लेश्वर क्षेत्र में स्थित खारुन नदी में एक युवक के डूबने की सूचना से हड़कंप मच गया। कंट्रोल रूम दुर्ग से सूचना मिलने के बाद एसडीआरएफ की टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और कड़ी मशक्कत के बाद युवक का शव नदी से बाहर निकाला गया। इसके बाद शव को आवश्यक कार्रवाई के लिए पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, घटना खारुन नदी अम्लेश्वर क्षेत्र की है, जहां एक 19 वर्षीय युवक के डूबने की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना मिलते ही जिला सेनानी नागेन्द्र कुमार सिंह के निर्देश पर एसडीआरएफ की टीम को तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
एसडीआरएफ प्रभारी धनीराम यादव के निर्देशन में डिप डाइविंग एक्सपर्ट ओंकार और भानुप्रताप ने गहराई में उतरकर सर्च ऑपरेशन चलाया। लंबे प्रयासों के बाद टीम ने युवक के शव को नदी से बाहर निकालने में सफलता प्राप्त की। इस पूरे अभियान में टीम के अन्य सदस्य राजकुमार यादव, थानेश्वर, विनय, हेमराज, राजू महानंद, दिलीप और रमेश ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शव को पुलिस को सौंप दिया गया, जिसने आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृतक की पहचान मोहम्मद मोहिउद्दीन उम्र 19 वर्ष के रूप में हुई है, जो मोहम्मद नजीमुद्दीन का पुत्र बताया गया है। उसका पता रायपुर के मौदहा पारा क्षेत्र स्थित चांद टायर्स, के के रोड का बताया जा रहा है। घटना के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है।
पुलिस अब यह जांच कर रही है कि युवक नदी में किस परिस्थिति में डूबा। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह हादसा था या किसी अन्य कारण से यह घटना हुई। एसडीआरएफ की त्वरित कार्रवाई से शव को समय पर बरामद किया जा सका, जिससे स्थिति को नियंत्रित करने में मदद मिली। स्थानीय लोगों ने भी राहत की सांस ली और एसडीआरएफ टीम की तत्परता की सराहना की। अधिकारियों ने बताया कि एसडीआरएफ टीम को जैसे ही सूचना मिली, बिना देरी किए रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया। गहराई और तेज बहाव के बावजूद टीम ने साहस और अनुभव के साथ ऑपरेशन को सफल बनाया। फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि नदी और जलस्रोतों के आसपास सावधानी बरतें, ताकि ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। यह घटना एक बार फिर यह दर्शाती है कि प्राकृतिक जलस्रोतों में छोटी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है, इसलिए सुरक्षा और सतर्कता बेहद जरूरी है।



