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राष्ट्रीय उन्नत कृषि महोत्सव का आगाज रायसेन में, मंच पर रक्षामंत्री, कृषि मंत्री और मुख्यमंत्री की मौजूदगी

By Admin|11 Apr 2026, 8:06 PM
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रायसेन
मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में शनिवार से तीन दिवसीय राष्ट्रीय उन्नत कृषि महोत्सव एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत हुई। दशहरा मैदान में आयोजित इस महोत्सव में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान एक साथ मंच पर नजर आए। दोपहर करीब 12:30 बजे सभी अतिथि कार्यक्रम स्थल पहुंचे और किसानों को संबोधित किया। देशभर से आए किसान, कृषि वैज्ञानिक और विशेषज्ञ इस आयोजन में हिस्सा ले रहे हैं, जिससे यह कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर पर खास महत्व रखता है।

किसानों की आय बढ़ाने पर सरकार का फोकस
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने साफ कहा कि उनका उद्देश्य खेती को लाभ का साधन बनाना है। उन्होंने कहा कि अगर वे किसानों की जिंदगी में बदलाव नहीं ला पाए, तो पद पर बने रहने का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि सरकार लगातार ऐसे प्रयास कर रही है, जिससे खेती से जुड़ी आमदनी बढ़ाई जा सके।

एक एकड़ से दो लाख कमाने की जानकारी
महोत्सव में किसानों को यह भी बताया जा रहा है कि कम जमीन में ज्यादा कमाई कैसे की जा सकती है। विशेषज्ञों द्वारा ऐसे मॉडल पेश किए जा रहे हैं, जिनसे किसान एक एकड़ जमीन में सालाना दो लाख रुपये तक की आय प्राप्त कर सकते हैं। इसमें फसल चयन, उन्नत बीज, सही खाद और बाजार तक पहुंच जैसे पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी जा रही है। छोटे और सीमांत किसानों के लिए यह जानकारी खास तौर पर उपयोगी मानी जा रही है।

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मिट्टी परीक्षण और फसल चयन पर जोर
कार्यक्रम में आधुनिक तकनीक के जरिए मिट्टी परीक्षण को भी प्रमुखता दी गई है। यहां ऐसी मशीनें प्रदर्शित की गई हैं, जो खेत में जाकर तुरंत मिट्टी की गुणवत्ता और आवश्यक पोषक तत्वों की जानकारी देती हैं। इससे किसानों को यह समझने में मदद मिलेगी कि उनके खेत के लिए कौन सी फसल सबसे उपयुक्त है और कितनी खाद की जरूरत है। इससे लागत घटाने और उत्पादन बढ़ाने में मदद मिल सकती है।

चार जिलों के लिए तैयार होगा कृषि रोडमैप
शिवराज सिंह चौहान ने जानकारी दी कि वैज्ञानिकों ने मध्य प्रदेश के चार जिलों—रायसेन, विदिशा, सीहोर और देवास—के लिए विशेष कृषि रोडमैप तैयार किया है। इस रोडमैप में यह बताया जाएगा कि किस क्षेत्र में कौन सी फसल सबसे बेहतर रहेगी और किस तरह की बागवानी वहां की मिट्टी और जलवायु के अनुसार उपयुक्त होगी। यह रोडमैप किसानों को वैज्ञानिक आधार पर खेती करने में मदद करेगा।

300 से अधिक स्टॉल में नई तकनीकों का प्रदर्शन
महोत्सव में 300 से अधिक स्टॉल लगाए गए हैं, जिनमें कृषि, बागवानी, सिंचाई, उर्वरक और कृषि यंत्रीकरण से जुड़ी नई तकनीकों का प्रदर्शन किया जा रहा है। आयोजन स्थल को तीन बड़े हैंगरों में बांटा गया है। पहले हैंगर में कृषि यंत्र और सिंचाई से जुड़े नवाचार दिखाए जा रहे हैं। दूसरे हैंगर में पशुपालन, डेयरी और ग्रामीण विकास से जुड़े स्टॉल हैं, जबकि तीसरे हैंगर में मुख्य कार्यक्रम और तकनीकी सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।

ड्रोन और आधुनिक सिंचाई का लाइव प्रदर्शन
इस महोत्सव की एक खास बात यह है कि यहां ड्रोन तकनीक और आधुनिक सिंचाई प्रणालियों का लाइव प्रदर्शन किया जा रहा है। किसान खुद इन तकनीकों को देख और समझ सकते हैं। ड्रोन के जरिए फसल पर दवा का छिड़काव, निगरानी और डेटा संग्रह जैसे काम आसानी से किए जा सकते हैं, जिससे समय और लागत दोनों की बचत होती है।

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पशुपालन और मत्स्य पालन को भी बढ़ावा
महोत्सव में खेती के साथ-साथ पशुपालन और मत्स्य पालन पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। यहां गिर, साहीवाल और थारपारकर नस्ल की गायों के साथ जमुनापारी, सिरोही और बारबरी नस्ल की बकरियों का प्रदर्शन किया जा रहा है। कड़कनाथ मुर्गी पालन भी किसानों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इसके अलावा बायोफ्लॉक, आरएएस और एक्वापोनिक्स जैसे आधुनिक मत्स्य पालन मॉडल भी प्रस्तुत किए गए हैं।

किसानों के लिए प्रशिक्षण और संवाद का अवसर
तीनों दिन चलने वाले इस महोत्सव में किसानों के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इसमें स्टार्टअप प्रेजेंटेशन, वैज्ञानिकों से सीधा संवाद और नई तकनीकों की जानकारी शामिल है। विशेषज्ञ किसानों को नई तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं, ताकि वे अपनी आय बढ़ा सकें और खेती को आधुनिक बना सकें।

खेती को भविष्य की मजबूत अर्थव्यवस्था बनाने की कोशिश
कुल मिलाकर रायसेन में आयोजित यह कृषि महोत्सव खेती को आधुनिक, लाभकारी और टिकाऊ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। सरकार और वैज्ञानिकों की कोशिश है कि किसान नई तकनीकों को अपनाकर कम लागत में ज्यादा उत्पादन करें और अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाएं।

 

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