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MP के PG डॉक्टरों के लिए नई DRP नीति लागू, पोस्टिंग का अधिकार अब मेडिकल कॉलेज डीन के पास

By Admin|05 Jul 2026, 3:01 PM
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भोपाल.

मध्य प्रदेश सरकार ने जिला रेजिडेंट प्रोग्राम (डीआरपी) नीति में तीन साल बाद बड़ा बदलाव किया है। अब जिला अस्पतालों में तीन माह की सेवा देने वाले रेजिडेंट डॉक्टरों की पोस्टिंग राज्य स्तर से नहीं होगी। इसके बजाय संबंधित मेडिकल कॉलेज के डीन की अध्यक्षता में गठित पांच सदस्यीय डीआरपी प्लेसमेंट एलोकेशन कमेटी पोस्टिंग का निर्णय करेगी।

नई व्यवस्था का उद्देश्य स्थानीय जरूरतों के अनुसार डॉक्टरों की तैनाती करना और जिला अस्पतालों में विशेषज्ञ सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाना है। हालांकि, नई नीति में आवास भत्ता समाप्त किए जाने से रेजिडेंट डॉक्टरों के बीच असंतोष भी देखा जा रहा है।

डीन की अध्यक्षता वाली समिति करेगी पोस्टिंग
नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक मेडिकल कॉलेज में गठित पांच सदस्यीय समिति रेजिडेंट डॉक्टरों के जिला आवंटन का फैसला करेगी। पहले यह प्रक्रिया राज्य स्तर पर होती थी। अब जिस मेडिकल कॉलेज में जिस क्षेत्र के मरीज अधिक आते हैं, उसी क्षेत्र के जिला अस्पतालों में वहां के रेजिडेंट डॉक्टरों को भेजा जाएगा।

क्षेत्र के अनुसार होगा जिला आवंटन
नई नीति के अनुसार गांधी मेडिकल कॉलेज, भोपाल के रेजिडेंट डॉक्टरों की तैनाती भोपाल, विदिशा, रायसेन और सीहोर जैसे जिलों में होगी। वहीं एमजीएम मेडिकल कॉलेज, इंदौर के डॉक्टरों को इंदौर, धार, झाबुआ और आसपास के जिलों में सेवाएं देनी होंगी। सरकार का मानना है कि इससे स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी।

आवास भत्ता खत्म, खुद करनी होगी व्यवस्था
नीति में सबसे बड़ा बदलाव आवास भत्ते को समाप्त करना है। अब रेजिडेंट डॉक्टरों को अपने रहने की व्यवस्था स्वयं करनी होगी। जिला प्रशासन केवल सुरक्षित आवासों की सूची उपलब्ध कराएगा। वहीं महिला और दिव्यांग रेजिडेंट डॉक्टरों को सुविधा के अनुसार नजदीकी जिलों में पदस्थापना देने का प्रयास किया जाएगा। जिला अस्पतालों में मेंटर और रेजिडेंट डॉक्टरों का अनुपात 1:3 रखा गया है।

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रेजिडेंट डॉक्टरों ने रखीं मांगें
रेजिडेंट डॉक्टरों का कहना है कि पहले की तरह आवास भत्ता जारी रखा जाना चाहिए। साथ ही अधिक मेडिकल कॉलेजों वाले क्षेत्रों से बाहर भी जिलों को डीआरपी में शामिल किया जाए। उन्होंने पूरे प्रदेश में डिवीजन से बाहर म्युचुअल ट्रांसफर की सुविधा लागू करने की भी मांग की है।

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