CG : 16 बाल श्रमिकों का सुरक्षित रेस्क्यू, संदिग्ध ठेकेदार गिरफ्तार …
दुर्ग। रायपुर के भाठागांव बस स्टैंड से एक बस में 16 नाबालिग बच्चों को बाल श्रम के लिए ले जाए जाने की सूचना मिलने पर छत्तीसगढ़ बाल संरक्षण आयोग और विशेष किशोर पुलिस इकाई (एसजेपीयू) ने संयुक्त अभियान चलाकर उन्हें दुर्ग के पास सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया। कार्रवाई के दौरान चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम ने एक कथित नियोक्ता को हिरासत में लिया है, जिससे पूछताछ की जा रही है।इतिहास छत्तीसगढ़ बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने बताया कि बुधवार शाम आयोग के हेल्पलाइन नंबर पर सूचना मिली थी कि रायपुर के भाठागांव बस स्टैंड से एक बस में 16 नाबालिग बच्चों को कहीं ले जाया जा रहा है। सूचना में यह आशंका भी जताई गई थी कि बच्चों को बाल श्रम के लिए राज्य से बाहर ले जाया जा सकता है। सूचना मिलते ही आयोग ने तत्काल चाइल्ड हेल्पलाइन और स्पेशल जुवेनाइल पुलिस यूनिट (एसजेपीयू) को सक्रिय किया। अधिकारियों को आशंका थी कि बस राजनांदगांव मार्ग से राज्य की सीमा पार कर सकती है। इसे देखते हुए दुर्ग की एसजेपीयू टीम को अलर्ट किया गया।
दुर्ग के निकट पहुंचते ही पुलिस और बाल संरक्षण अधिकारियों ने बस को रोककर अपने कब्जे में लिया तथा सभी 16 बच्चों को सुरक्षित उतार लिया। डॉ. वर्णिका शर्मा ने बताया कि सूचना मिलने के महज डेढ़ घंटे के भीतर सभी बच्चों का सकुशल रेस्क्यू कर लिया गया। फिलहाल चाइल्ड हेल्पलाइन दुर्ग और एसजेपीयू की टीम ने सभी बच्चों की पहचान कर उन्हें सुरक्षित संरक्षण में रखा है। वहीं, हिरासत में लिए गए कथित नियोक्ता से पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बच्चों को कहां और किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था।
