छत्तीसगढ़राजनांदगांव जिला

राजनांदगांव : छत से टपकता पानी… बाल्टी, टब और गंजी के सहारे मटिया का सरकारी प्राइमरी स्कूल…

By kadwaghut|23 Jul 2026, 11:37 AM
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डोंगरगांव , नगर के मटिया (वार्ड क्र. 14) स्थित शासकीय प्राथमिक शाला में अव्यवस्था और प्रशासनिक लापरवाही की ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने सरकारी दावों की पोल खोलकर रख दी है। स्कूल की छत से लगातार पानी टपक रहा है। टपकते पानी को रोकने के लिए कक्षाओं में नीचे बाल्टी, टब और बर्तन (गंजी) रखे गए हैं। मामला सामने लाने के बाद अधिकारियों और जनप्रतिनिधि स्कूल पहुंचे।

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जानकारी मिलने पर नायब तहसीलदार केपी खूंटे, पटवारी, सीएमओ विक्रम जेमा, बीईओ जयंत साहू, वार्ड पार्षद पुरुषोत्तम साहू, मोहल्लेवासी और शाला समिति के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने स्कूल की जर्जर हालत को देखते हुए तत्काल बच्चों के बैठने की वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।

जांच में पता चला कि 5 कमरों वाले इस स्कूल की हालत बेहद जर्जर है। तीन कमरों की छत से लगातार पानी का सीपेज हो रहा है। हैरानी की बात यह है कि जर्जर भवन की नींव भी धीरे-धीरे खिसक रही है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इसके बावजूद पहली, दूसरी और तीसरी कक्षा के मासूम बच्चे टपकते पानी के बीच जान जोखिम में डालकर बैठने को मजबूर हैं। स्कूल में कुल 35 बच्चे अध्ययनरत हैं। यहां 2 शिक्षकों का स्टाफ पदस्थ है। कुल पांच कमरे हैं जिनमें से 3 की हालत बेहद नाजुक और खतरनाक है।

पुराना भवन निजी स्कूल को किराए पर देने पर उठा सवाल: निरीक्षण के दौरान एक और बड़ा मामला सामने आया है। चर्चा है कि स्कूल के पुराने भवन को किसी निजी स्कूल को किराए पर दे दिया गया है। पहले इसका किराया नगर पंचायत वसूल रही थी, जबकि वर्तमान में यह किराया शाला प्रबंधन में जमा होने की बात कही जा रही है। मौके पर पहुंचीं नगर पालिका अध्यक्ष अंजू त्रिपाठी ने भवन का जायजा लिया और किराए से जुड़ी फाइलों को निकलवाकर जांच कराने की बात कही है।

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सुशासन में भी लगाई गुहार पर बेपरवाह रहा प्रशासन स्कूल प्रबंधन की प्रधान पाठक हेमलता शर्मा ने बताया कि भवन जर्जर होने और सीपेज की समस्या को लेकर कलेक्टर, एसडीएम, नगर पालिका और डोंगरगांव शिक्षा विभाग को महीनों पहले ही पत्र भेजा जा चुका था। यहां तक कि सुशासन में भी आवेदन दिया गया था, लेकिन अफसरों ने मानसून से पहले न तो मरम्मत कराई और न ही कोई सुध ली।

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