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एमपी में बारिश का कहर: 35 जिलों में अलर्ट, भोपाल-राजगढ़ संपर्क प्रभावित; खजुराहो-मंडला में रिकॉर्ड बारिश

By Admin|07 Jul 2026, 1:06 PM
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भोपाल

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आज कई जिलों में बारिश हो रही है। बड़वानी जिले के सेंधवा में हादसा हो गया। यहां सांदीपनि स्कूल में छत का प्लास्टर गिर गया, जिससे नौवीं की दो छात्राएं घायल हो गईं, वहीं इंदौर के पास एक सड़क धंस गई।

मध्य प्रदेश में जुलाई की शुरुआत के साथ ही मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। 24 घंटे में प्रदेश के 35 से ज्यादा जिलों में बारिश हुई। खजुराहो और मंडला में सबसे ज्यादा 4.2-4.2 इंच बारिश दर्ज की गई। लगातार छह दिनों से हो रही बारिश। 

इन जिलों में हुई अच्छी बारिश
मौसम विभाग के मुताबिक, सतना, रतलाम, सीधी, उमरिया, पन्ना, पचमढ़ी, रीवा, श्योपुर, नौगांव, भोपाल, नरसिंहपुर, दमोह, टीकमगढ़, बैतूल, नर्मदापुरम, इंदौर, सिवनी, सागर, शिवपुरी, बालाघाट, छिंदवाड़ा, रायसेन, धार, जबलपुर, गुना, उज्जैन, खंडवा, खरगोन, दतिया, मैहर, शाजापुर, सीहोर, छतरपुर, बुरहानपुर, बड़वानी और पांढुर्णा में भी बारिश का दौर रहा।

बारिश से जनजीवन भी प्रभावित
बड़वानी जिले के सेंधवा स्थित सांदीपनि (सीएम राइज) स्कूल में कक्षा 9 की छत का प्लास्टर गिरने से दो छात्राएं घायल हो गईं। दोनों के सिर में मामूली चोट आई और उनका सिविल अस्पताल में इलाज कराया गया।

वहीं, इंदौर के पास खुड़ैल रोड स्थित जेतकारण गांव में सड़क धंसने से स्कूली बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो गया। उफनते नाले को पार कराने के लिए ग्रामीणों ने मानव शृंखला बनाई और बच्चों को सुरक्षित दूसरी ओर पहुंचाया। घटना का वीडियो भी सामने आया है।

 बैरसिया-नरसिंहगढ़ के बीच पार्वती नदी पर  …..

भोपाल और राजगढ़ जिले को जोड़ने वाले पार्वती नदी के अस्थायी वैकल्पिक मार्ग से गुजरने पर रोक लगा दी गई है। सोमवार देर रात बैरसिया एसडीएम आशुतोष शर्मा ने यह आदेश जारी किए। नदी में जल स्तर बढ़ने की वजह से यह फैसला लिया गया।

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एसडीएम शर्मा के आदेश में लिखा है कि बारिश के कारण पार्वती नदी का जलस्तर बढ़ रहा है। इससे बैरसिया-नरसिंहगढ़ मार्ग पर नदी के मध्य निर्मित अस्थायी वैकल्पिक मार्ग जलमग्न हो गया है। तेज बहाव के कारण आवागमन अत्यंत जोखिमपूर्ण है। इसलिए आवागमन पर प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं।

एसडीएम ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि प्रतिबंधित क्षेत्र में आवश्यकतानुसार बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड एवं सुरक्षा संकेतक स्थापित किए जाएं। ताकि कोई भी व्यक्ति जोखिम उठाकर मार्ग का उपयोग न कर सके।

तहसीलदार, पुलिस को जिम्मा आदेश के पालन के लिए तहसीलदार, नायब तहसीलदार, जनपद पंचायत, पीडब्ल्यूडी और पुलिस विभाग के अधिकारियों को सतत निगरानी रखने और आवश्यकता अनुसार सुरक्षा बल तैनात कर नागरिकों को सुरक्षित वैकल्पिक मार्गों का उपयोग कराने के निर्देश दिए गए हैं।

उल्लंघन करने पर यह कार्रवाई आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है, जो आगामी आदेश तक प्रभावशील रहेगा। आदेश का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 तथा अन्य प्रचलित विधिक प्रावधानों के अंतर्गत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

वैकल्पिक रास्ते में पानी, इसलिए वाहन फंस रहे साल 1976 में रुनाहा से नरसिंहगढ़ तक सड़क MPRDC यानी मध्यप्रदेश रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन ने बनाई थी। वहीं, ब्रिज पीडब्ल्यूडी ने बनाया था। 17 जनवरी 2025 को ब्रिज एक जगह से धंस गया था। एहतियातन बैरसिया एसडीएम शर्मा ने ब्रिज से आने-जाने पर रोक लगा दी थी। कुछ दिन बाद स्टॉपडैम से पानी खाली कर डायवर्सन रूट तैयार किया गया था।

बारिश से पहले तक इसी रूट से बस, ट्रक समेत चार पहिया और टू-व्हीलर गुजर रहे थे, लेकिन पानी बढ़ गया है। बावजूद कई वाहन चालक खतरा लेते हुए इसके ऊपर से गुजर रहे हैं। पिछले साल अक्टूबर में एक बस तिरछी हो गई थी। इसे जैसे-तैसे निकाला तो एक दिन पहले ही एक ट्रैक्टर-ट्रॉली सड़क से स्टॉपडैम के पानी में गिर गई। ट्रैक्टर में चार लोग सवार थे, जो बच गए।

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नेशनल हाईवे से जोड़ता है ब्रिज बैरसिया-नरसिंहगढ़ रोड पर बना यह ब्रिज मेघरा नवीन गांव में है। यह भोपाल जिले का गांव है जबकि दूसरी तरफ राजगढ़ जिले का बरायठा गांव है। भोपाल, राजगढ़ के अलावा गुना, विदिशा, शिवपुरी, अशोकनगर, आगर-मालवा, शाजापुर, इंदौर, उज्जैन आने-जाने के लिए भी ब्रिज का उपयोग किया जाता है।

जब ब्रिज ठीक था, तब एक दिन में डेढ़ से 2 लाख तक लोग गुजरते थे। वर्तमान में 8 से 10 हजार लोग गुजर रहे हैं। यह ब्रिज आगरा-बंबई राष्ट्रीय राजमार्ग को भी जोड़ता है।

49 साल में सिर्फ 2 बार हुई थी मरम्मत करीब 49 साल पुराने ब्रिज की आखिरी बार मरम्मत साल 2019-20 में की गई थी। इसके पहले भी एक बार मरम्मत की गई थी। मेंटेनेंस नहीं होने की वजह से ब्रिज जर्जर हालत में पहुंच गया था।

भारी से अति भारी बारिश का अलर्ट
मंगलवार को बड़वानी, धार, बुरहानपुर, रतलाम, टीकमगढ़ और पन्ना समेत कई जिलों में बारिश जारी है। मौसम विभाग ने गुना, अशोक नगर, विदिशा, सागर और छतरपुर में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा कई अन्य जिलों में भारी बारिश और गरज-चमक की चेतावनी दी गई है।

लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने तथा मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की अपील की है।

 

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