मध्य प्रदेशराज्‍य

मंत्री परमार ने विश्वविद्यालयों में खाली पदों पर भर्ती की प्रगति का किया विस्तृत निरीक्षण

By Admin|07 May 2026, 3:23 PM
f X W

उच्च शिक्षा मंत्री परमार ने विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया की प्रगति की गहन समीक्षा की

Advertisement
Advertisement

शासन के नियमों के अनुरूप रोस्टर निर्माण करते हुए शीघ्र भर्ती प्रक्रिया के लिए विज्ञापन करें जारी
नियत समय पर हो प्रवेश, परीक्षा और परिणाम

भोपाल 

उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इन्दर सिंह परमार ने  मंत्रालय स्थित सभाकक्ष में सार्वजनिक विश्वविद्यालयों के कुलसचिवों के साथ, विश्‍वविद्यालयों में रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया की प्रगति सहित विविध विषयों की विस्तृत समीक्षा की। मंत्री परमार ने कहा कि सभी विश्वविद्यालय, शासन के नियमों के अनुरूप रोस्टर निर्माण करते हुए भर्ती प्रक्रिया के लिए शीघ्र विज्ञापन जारी करें। मंत्री परमार ने कहा कि विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक, अकादमिक एवं प्रशासनिक सुधार की दृष्टि से, रिक्त पदों की पूर्ति करना हमारी प्राथमिकता है।

मंत्री परमार ने कहा कि सभी विश्वविद्यालय शैक्षणिक कैलेंडर का दृढ़ता के साथ शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करें, इसके लिए पिछले सत्र के परीक्षा परिणाम समयपूर्वक घोषित किए जाएं जिससे अगले सत्र में नियत समय पर प्रवेश, परीक्षा एवं परिणाम सुनिश्चित हो सकें। मंत्री परमार ने कहा कि विद्यार्थियों के समग्र हितों की रक्षा, हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंत्री परमार ने सभी विश्वविद्यालयों को निर्देशित किया है कि सभी विश्वविद्यालय अपने छात्रावासों को विद्यार्थियों की आवश्यकता अनुरूप बेहतर बनाएं और छात्रों को सुलभ रूप से गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध हो। मंत्री परमार ने विश्वविद्यालयों के छात्रावासों के निरीक्षण के लिए एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए, यह कमेटी छात्रावासों में विद्यार्थियों को दी जा रही सुविधाओं की गुणवत्ता का निरीक्षण करेगी।

READ ALSO  कार पर पेड़ गिरने से मची चीख-पुकार, डिप्टी कलेक्टर की मां की मौत; परिवार के दो लोग घायल

मंत्री परमार ने विश्वविद्यालयों द्वारा डिजिटल मूल्यांकन को लेकर हो रहे क्रियान्वयन की गति को बढ़ाने पर बल देते हुए कहा कि परीक्षा की विश्वसनीयता को प्रभावी रूप से बनाए रखना हमारा ध्येय है और पारदर्शितापूर्ण परीक्षा पद्धति के लिए डिजिटल मूल्यांकन की महती आवश्यकता है। मंत्री परमार ने कहा कि सभी विश्वविद्यालय डिजिटल मूल्यांकन की पद्धति को लागू करने के लिए प्रयास करें। मंत्री परमार ने कहा कि विश्वविद्यालय अपने शैक्षणिक अमले के कार्यों के मूल्‍यांकन के लिए भी आंतरिक पद्धति विकसित करे जिससे शैक्षणिक एवं अकादमिक गुणवत्ता में उत्तरोत्तर वृद्धि हो सके।

मंत्री परमार ने सभी विश्वविद्यालयों को अन्‍य भारतीय भाषाओं को क्रेडिट से जोड़कर पढ़ाने की कार्ययोजना को भी शीघ्र लागू करने के प्रयास करने के निर्देश दिए। उल्‍लेखनीय है कि बरकतउल्ला विश्वविद्यालय भोपाल को तमिल, जीवाजी विश्वविद्यालय ग्वालियर को कन्नड़, देवी अहिल्या विश्वविद्यालय इन्दौर को मराठी एवं तेलगू, रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर को तेलगू एवं पंजाबी, अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय रीवा को सिंधी और गुजराती, विक्रम विश्वविद्यालय उज्जैन को मलयालम,सिंधी और असमिया, महाराजा छत्रसाल बुंदेलखंड विश्वविद्यालय छतरपुर को गुजराती, राजा शंकरशाह विश्वविद्यालय छिन्दवाड़ा को तमिल और मराठी, पंडित शंम्भूनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय शहडोल को बांग्ला, क्रांतिसूर्य टंट्या भील विश्वविद्यालय खरगोन को गुजराती, महात्मा गाँधी विश्वविद्यालय चित्रकूट को उड़िया और महर्षि पाणिनी विश्वविद्यालय उज्जैन को उड़िया भाषा सिखाने के लिए भाषा का आवंटन किया गया है। ये विश्वविद्यालय, उक्त आवंटित भाषा सिखाने के लिए क्रियान्वयन कर रहे हैं।

मंत्री परमार ने सभी विश्वविद्यालयों को समर्थ पोर्टल पर क्रियान्वयन के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय, स्वयं पोर्टल के विनियमन को अपनाएं और स्वयं पोर्टल पर हर विद्यार्थी को कम से एक कोर्स में पंजीयन कराएं।

READ ALSO  AI डीपफेक से चुनावी फ्रॉड का नया जाल, राजस्थान पुलिस ने बताया कैसे रहें सुरक्षित

बैठक में अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन ने सभी विश्वविद्यालयों को सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर अपनी ग्रेडिंग सुधारने के लिए भी निर्देशित किया। राजन ने सभी विश्वविद्यालयों को कर्मचारी कल्याण से जुड़े विविध विषयों को शीघ्र निराकृत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लंबित पेंशन प्रकरण एवं अनुकम्पा नियुक्ति प्रकरणों का शीघ्र निदान करें। बैठक में विशेष कर्त्तव्यस्थ अधिकारी उच्च शिक्षा अनिल पाठक सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

 

अगली खबर लोड हो रही है...

Related Articles

Back to top button
Play GK Quiz and Win Coins