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CG : नैनो उर्वरक के उपयोग से धान उत्पादन में हुई वृद्धि, लागत में आई कमी – किसान निरंजन

By kadwaghut|05 Jun 2026, 3:29 PM
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महासमुंद , कृषि में आधुनिक तकनीकों और नवाचारों को अपनाकर किसान उत्पादन में वृद्धि के साथ खेती की लागत को भी कम करने में सफल हो रहे हैं। विकासखंड बसना अंतर्गत ग्राम दूधीपाली के प्रगतिशील किसान निरंजन सिदार ने विगत वर्ष अपनी धान की फसल में नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया का वैज्ञानिक तरीके से उपयोग कर बेहतर परिणाम प्राप्त किए हैं।

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सिदार ने धान की खेती में नैनो डीएपी से बीज उपचार कर खेती की शुरुआत की। इसके बाद फसल की वृद्धि अवस्था में नैनो डीएपी तथा नैनो यूरिया का छिड़काव किया। आधुनिक उर्वरक तकनीक के उपयोग से उनकी फसल में रोग एवं कीटों का प्रकोप अपेक्षाकृत कम देखने को मिला, जिससे फसल स्वस्थ एवं मजबूत बनी रही। इसके साथ ही धान की गुणवत्ता में भी सुधार हुआ। उन्होंने बताया कि नैनो उर्वरकों के उपयोग से खेती की लागत में कमी आई है। नैनो उर्वरकों को कीटनाशकों के साथ मिलाकर छिड़काव किए जाने की सुविधा के कारण अलग-अलग बार मजदूरी लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ती, जिससे समय और श्रम दोनों की बचत होती है।


कृषि विभाग द्वारा किसानों को नैनो उर्वरकों के वैज्ञानिक उपयोग के संबंध में लगातार जागरूक किया जा रहा है। विभाग के अनुसार नैनो डीएपी का उपयोग बीजोपचार, पौध उपचार तथा प्रारंभिक वृद्धि अवस्था में छिड़काव के रूप में किया जा सकता है, जबकि नैनो यूरिया का उपयोग फसल की पोषण आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए विभिन्न अवस्थाओं में किया जाता है। विशेषज्ञों द्वारा अनुशंसित मात्रा एवं विधि से उपयोग करने पर उत्पादन वृद्धि, गुणवत्ता सुधार तथा लागत में कमी आती है।

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विशेषज्ञों के अनुसार नैनो डीएपी से बीज उपचार के लिए 1 किलोग्राम बीज में 5 एमएल नैनो डीएपी के घोल को बीज में अच्छे तरीके से मिलाएं, उसके पश्चात 20 मिनट तक छांव में सूखने दें और फिर बुवाई करें। नैनो डीएपी से थरहा (पौध) उपचार के लिए 1 लीटर पानी में 5 एमएल नैनो डीएपी की दर से घोल बनाएं एवं रोपाई से पहले 20 मिनट तक थरहा को इस घोल में डूबे रहने दें, उसके पश्चात रोपाई करें।

पहला छिड़काव फसल 30-35 दिन का होने पर जब फसल में पत्तियां अच्छी आ जाएं, तब 1 लीटर पानी में 4-5 एमएल की दर से नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया प्लस का पत्तियों में स्प्रेयर के माध्यम से छिड़काव करें। दूसरा छिड़काव, प्रथम छिड़काव के 25-30 दिन बाद फूल आने से पहले 1 लीटर पानी में 4-5 एमएल की दर से नैनो यूरिया प्लस का पत्तियों में स्प्रेयर के माध्यम से छिड़काव करें। साथ ही नैनो उर्वरकों को कीटनाशकों के साथ मिलाकर भी स्प्रे किया जा सकता है। लेकिन कॉपर युक्त कीटनाशक एवं फफूंद नाशक के साथ इसे नहीं मिलाया जाता है।  

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