सुकमा. छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में नक्सल मोर्चे पर तैनात सीआरपीएफ के जवान एक बड़ी दुर्घटना का शिकार होने से बच गए. नक्सलियों ने खाना पकाने के बर्तन में आईईडी बम प्लांट किया था. सर्चिंग पर निकले जवानों की सूझबूझ के कारण बम को रिकवर करने का दावा किया जा रहा है. जिले के घोर नक्सल प्रभावित इलाके जगरगुंडा में आईईडी बरामद की गई है. दो बर्तनों में नक्सलियों ने आईईडी प्लांट किया था. जवानों को नुकसान पहुंचाने के लिए नक्सलियों द्वारा रची गई ये साजिश सोमवार को नाकाम हो गई है.
सुकमा जिले जगरगुंडा मार्ग पर दोरनापाल गोरगुंडा के बीच पांच-पांच किलो दो आइईडी बम बरामद की गई. सीआरपीएफ 223 वाहिनी के बीडीएस टीम ने आईईडी बम को डिफ्यूज किया. बताया जा रहा है कि नक्सलियों ने सड़क के 10 मीटर अंदर एक पेड़ के पास आईईडी प्लांट किया था. सर्चिंग पर निकले जवानों ने शक होने पर सघन जांच की, जिसके बाद आईईडी को बरामद किया गया. जवानों को नुकसान पहुंचाने के लिए नक्सली आए दिन इस तरह की साजिश रच रहे हैं.
सीआरपीएफ के अधिकारियों ने बताया कि इस क्षेत्र में नक्सली पहले भी आईईडी प्लांट कर चुके हैं, लेकिन इस बार उसे सड़क से 10 मीटर अंदर एक पेड़ के नीचे लगा रखा था. नक्सली सुरक्षा बलों की सर्चिंग टीम को निशाना बनाने के लिए इस तरह की साजिश रचते हैं. सीआरपीएफ 223 वाहिनी के द्वितीय कमान अधिकारी सौरभ भटनागर, दीपक कुमार, दोरनापाल एसडीओपी अखिलेश कौशिक थाना प्रभारी सुरेश जांगड़े आईईडी रिकवर करने के बाद उसे डिफ्यूज करने के दौरान मौजूद रहे.